UP Criminal: सात गैंग को मिट्टी में मिलाने की तैयारी, यूपी सरकार की माफिया सूची तैयार

 
UP Criminal: Preparation to destroy seven gangs, UP government's mafia list ready
उत्तर प्रदेश सरकार की तरफ से हाल में ही प्रदेश भर के 66 गैंगस्टर की लिस्ट बनाई गई है। इनमें सात गैंगस्टर गौतमबुद्धनगर से हैं।

UP Criminal: गौतमबुद्धनगर के सात गैंग और गैंगस्टर पर तेज व प्रभावी कार्रवाई करने के लिए कमिश्नरेट पुलिस ने तैयारी कर ली है। प्रदेश सरकार की तरफ से माफिया के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में राज्य भर के 66 माफिया की लिस्ट बनाई गई है।

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इनमें सात गौतमबुद्धनगर के हैं। अब नोएडा कमिश्नरेट पुलिस इन गैंगस्टर के गुर्गों की माइक्रो स्तर पर पहचान कर सूची बना रही है। इसके बाद इन गुर्गों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई होगी। प्रदेश सरकार की तरफ से हाल में ही प्रदेश भर के 66 गैंगस्टर की लिस्ट बनाई गई है।

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इनमें सात गैंगस्टर गौतमबुद्धनगर से हैं। इनमें सुंदर भाटी, अनिल दुजाना, रणदीप भाटी, सिंहराज भाटी, अनिल कसाना, अनिल भाटी व मनोज उर्फ आसे का नाम शामिल है। इनमें से मनोज उर्फ आसे अभी फरार है और अन्य छह गैंगस्टर विभिन्न जेलों में बंद हैं। 

नोएडा व ग्रेटर नोएडा में नब्बे के दशक में जो गैंगवार शुरू हुई थी। इनमें से अधिकतर गैंगस्टर उन्हीं गैंगवार के उपज हैं या उनकी अगली पीढ़ी के हैं। गौतमबुद्धनगर के ये गैंगस्टर जनपद के बाहर भी आपराधिक घटनाओं को अंजाम देते रहे हैं। ये बदमाश स्क्रैप, सरिया, पार्किंग, ट्रांसपोर्ट से लेकर जमीन कब्जा करने के मामलों में शामिल रहे हैं और यही इन गिरोह की आर्थिक रीढ़ रही है। 

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अब कमिश्नरेट पुलिस इन गैंगस्टर के छोटे छोटे से गुर्गों के बारे में पता लगा रही है और उनकी सूची तैयार कर उन पर कार्रवाई करने की योजना को अंतिम रूप दे रही है। इसके लिए कुछ स्तर पर काम शुरू भी हो गया है।

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कमिश्नरेट पुलिस इन सूचीबद्ध गैंग की अवैध कमाई से अर्जित संपत्ति को जब्त करना शुरू भी कर दिया है। पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह का कहना है कि जनपद में सूचीबद्ध गैंगस्टर के गुर्गों की तलाश कर उन पर प्रभावी कार्रवाई की जा रही है और ऐसे बदमाशों पर पुलिस की नजर है। इसके साथ ही इनके द्वारा अजिर्त की गई अवैध संपत्ति को भी जब्त करने का काम किया जा रहा है।

जनपद के सात सूचीबद्ध गैंगस्टर- 1. सुंदर भाटी - पश्चिमी उत्तर प्रदेश में अपराध की दुनिया का सबसे बड़ा नाम है। यह ग्रेटर नोएडा के घंघोला गांव का रहने वाला है। यह 1990 के बाद से ही अपराध की दुनिया में सक्रिय रहा है। वर्तमान में सुंदर भाटी सोनभद्र जेल में बंद है। अतीक- अशरफ हत्याकांड के आरोपियों से भी इसका नाम जुड़ा था।

2. अनिल भाटी - यह कुख्यात सुंदर भाटी का भतीजा है और अब सुंदर गैंग को सक्रिय रूप से देखता है। हालांकि यह दिल्ली की जेल में बंद है। सुंदर भाटी की उम्र होने के बाद उसका आर्थिक व क्राइम के साम्राज्य में इसका काफी दखल है।

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3. सिंहराज भाटी - यह भी कुख्यात सुंदर भाटी के रिश्ते में भतीजा लगता है। इसने भी सुंदर के साथ मिलकर अपराध की दुनिया में बड़ा गिरोह खड़ा किया और आर्थिक स्थिति को भी बेहतर किया है। यह भी जेल में बंद है। इसका पश्चिमी यूपी से लेकर आसपास के राज्यों के गैंग से बेहतर संबंध रहा है।

4. अमित कसाना - अमित कसाना पश्चिमी यूपी की जरायम की दुनिया का बड़ा नाम है। ग्रेटर नोएडा में नब्बे की दशक में इसके मामा नरेश भाटी की हत्या की दी गई थी। तब वह सुंदर भाटी गिरोह से बदला लेने के लिए अपने मामा के गैंग को संभाला था। अमित कसाना भी दिल्ली की जेल में बंद है।

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5. अनिल दुजाना - बादलपुर के दुजाना गांव का रहने वाला अनिल दुजाना शातिर गैंगस्टर है। वर्तमान में यह भी जेल में बंद है लेकिन इसका अपना अलग गैंग है। पहले यह सुंदर भाटी के लिए काम कर चुका है। इस पर हत्या, अपहरण जैसे कई मुकदमें दर्ज हैं।

6. रणदीप भाटी -  कुख्यात सरगना रहा नरेश भाटी का छोटा भाई है। यह भी जनपद का बड़ा गैंगस्टर है और कई गिरोह के साथ इसके गुर्गों के संबंध हैं। इसने भी अवैध तरीके से आर्थिक संपन्नता हासिल की है। यह भी जेल में बंद है।

7. मनोज उर्फ आसे - यह इन सबसे नया गैंगस्टर है। यह ग्रेटर नोएडा के इमलिया गांव का रहने वाला है और अभी फरार चल रहा है। इसका गैंग कुछ महीने ही पंजीकृत हुआ है। इस पर भी हत्या, रंगदारी जैसे संगीन कई मुकदमें दर्ज हैं।